5 best free New Pro Diwali wishing script for blogger 2019 Happy Diwali Viral Script Download Free with live demo
8 Best Keyword Research Tools to Boost Your SEO
Good Morning & Good Night Wishing Script Free Download
New Super Basic Shortcut Pubg Tips and Tricks in hindi Winner Winner Chicken Dinner
All new Girls attitude pics collection
How to hack facebook account in hindi new tricks
New JOIN 3000+ JOB WHATSAPP GROUP LINKS 2019
New CB Background HD Photo For Picsart Editing Download Zip
New Trending Boy Amazing hairstyle pic collection 2019

Thursday, February 28, 2019

What Is IP Address In Hindi आई पी एड्रेस की पूरी जानकारी हिंदी में

What Is IP Address In Hindi

आई पी एड्रेस की पूरी जानकारी हिंदी में

यदि आप एक स्मार्टफोन User हैं तो आपने कभी-न-कभी IP Address का नाम सुना ही होगा. स्मार्टफोन हो या कंप्यूटर प्रत्येक Device के लिए अलग-अलग IP Address निर्धारित किया जाता है.
IP Address किसी भी Device का महत्वपूर्ण फ़ीचर होता जो किसी भी डिवाइस के बीच संचार (communication) के रूप में कार्य करता है. औऱ इसकी मदद से हम एक Device से दूसरे Device को Connect कर सकते हैं. चलिये जानते हैं कि आखिर IP Address क्या है और यह क्यों महत्वपूर्ण होता है?
अध्ययन की सुविधा के लिऐ हमने इस Tutorial को निम्न भागों में बांटा है.


IP Address क्या है?



आज इंटरनेट की इस दुनिया मे बहुत से तत्व हैं जिनकी मदद से एक जगह से दूसरी जगह डाटा ट्रांसफर किया जाता है.इन्ही इंटरनेट तत्वों में से एक होता हैं IP  Address.

IP Address का पूरा नाम “इंटरनेट प्रोटोकॉल एड्रेस” (IP Address Full Form in Hindi) यह गणितीय अंकों के रूप में होता है. तथा स्मार्टफोन हो या कंप्यूटर प्रत्येक डिवाइस के लिए एक अलग IP Address होता है.

IP Address आपके, हमारे डिवाईस का नाम होता है. इस नाम से ही उसे इंटरनेट की दुनिया में पहचाना जाता है.

बिना IP एड्रेस के हम एक डिवाइस को दूसरे डिवाइस के साथ नेटवर्क कनेक्ट नहीं कर सकते. इसलिये ब्राउज़र में किसी विषय पर सर्च करने के दौरन IP Address से Router को ज्ञात होता है कि उसे यह डाटा कहाँ पहुँचाना है और Router जानकारी एकत्र कर उस IP Address तक जानकारी पहुँचाता है.

ध्यान दें:- किसी भी कंप्यूटर के लिए दो IP Address हो सकते हैं, पहला इंटरनेट कनेक्शन के लिए तथा अन्य लोकल एरिया नेटवर्क के रूप में मौजूद हो सकता है.



IP Address के संस्करण (IP Address Versions in Hindi)



IPV4


IP Address के दो Version हैं. पहला IPV4 Address है जिसे 1983 में विकसित किया गया.  IPV4 32 बिट होता है. IPV4 एड्रेस कुछ इस तरह दिखाई देता है 172.16.254.1 जिसे चार भागों में विभाजित कर दशमलव से अलग किया जाता है. तथा प्रत्येक रेंज 0 से लेकर 255 तक  होती है.
सबसे  आसानी  से  पहचाने  जाने  वाली  आईपी  रेंज 192.168.0.1 – 192.168.0.255  हैं,  क्योंकि  इन  एड्रेस को  हम  घर  या  ऑफिस  पर  उपयोग  करते  हैं|
इसमें प्रत्येक भाग 8 (Bits)बिट्स का होता है.

आमतौर पर IPV4 बाइनरी, हेक्साडेसीमल आदि रूप में दिखाई देता है. लेकिन IPV4  में केवल सीमित आईपी एड्रेस हो सकते हैं. अभी लगभग सभी डिवाइस में IP4 Address उपलब्ध होता है.

 IPV6


परन्तु पिछले कुछ सालों से इंटरनेट उपयोगकर्ताओं की बढ़ती संख्या के कारण IP4 Version (संस्करण) के स्थान पर IP6 Version को विकसित किया गया जिसमें असीमित IP एड्रेस तैयार किये जा सकते हैं.

IPV4 में केवल 32 बिट्स होते हैं, परन्तु IPV6 में बढ़ाकर128 बिट्स कर दिया गया है. IPV6 को एक बड़े स्तर पर लॉन्च किया गया जिसमें अनेक उपयोगी तकनीक को जोड़ा गया है, जिससे यह किसी Router के  पूरे नेटवर्क को आटोमेटिक बदल सकता है. और वर्तमान में आधुनिक डेस्कटॉप तथा सर्वर में IPV6 का सपोर्ट होता है.


IP एड्रेस के प्रकार (Types of IP Address in Hindi)


IP Address के दो प्रकार होते हैं.

  1. Private IP Address
  2. Public IP Address

Private IP Address


जब मोबाइल, कंप्यूटर आदि एक से अधिक डिवाइस किसी केबल या वायरलेस रूप में कनेक्ट होते हैं, तो यह प्राइवेट IP एड्रेस का निर्माण करते हैं. इसमें कनेक्ट किये गए सभी डिवाइस के IP को प्राइवेट एड्रेस कहा जाता है.

Public IP Address



पब्लिक IP एड्रेस दो प्रकार के हो सकते हैं, पहला Static IP Address जिसे ISP (Internet Service Provider) द्वारा किसी Server को Access करने के लिए खरीदा जाता है. Public IP Address इंटरनेट सेवा प्रदाताओं (ISPs) द्वारा दिया जाता है. जिसे हम बदल नही सकते हैं. तथा यह एड्रेस सबसे अलग होता है. जैसे, एक वेबसाइट, DNS Server आदि.

दूसरी ओर डायनामिक IP Address इंटरनेट कनेक्शन पर आधारित होता है तथा यह कंप्यूटर के इंटरनेट से कनेक्ट होने पर  स्वतः बदल जाता है.

IP Address का इतिहास


वर्तमान समय मे इंटरनेट की इस दुनिया मे दो IP Address का इस्तेमाल किया जाता है. IPv4 और IPv6. IP Address का मूल संस्करण 1983 में Arpanet द्वारा विकसित किया गया.

IPv4 Address 32 बिट का होता है. जिसमें 4,297,967,296 एड्रेस स्पेस सीमित होता है. IPv4 में कुछ एड्रेस विशेष कार्यों के लिए Private Network (18 मिलियन और एक 1M= 10, 00,000) तथा Multicast Addressing (270 मिलियन एड्रेस) आरक्षित (Reserved) हैं.
आमतौर पर IPv4 Dot-Decimal Notation के रूप में Present किया जाता है. जिसमें 4 गणीतिय अंक होते हैं, तथा प्रत्येक Range 0-255 तक बिंदुओ के रूप में विभाजित होता है. प्रत्येक भाग  8 Bits (Octet) का बना होता है.
 इंटरनेट प्रोटोकॉल के शुरुवाती दौर में नेटवर्क नंबर संख्या अधिकतम आठ होती थी. जिस विधि से केवल 256 नेटवर्क की अनुमति होती थी. परन्तु जल्द ही 1981 इस समस्या के समाधान के लिए स्वतंत्र तथा आधुनिक नेटवर्क IPv4 तैयार किया गया जो वर्तमान में भी उपयोग किया जाता है.


परंतु समय के साथ बढ़ते इंटरनेट यूजर्स के कारण उपलब्ध IP Address में कमी के कारण 1995 में IP Address में 132 उपयोग कर नया डिज़ाइन दिया गया जिस सिस्टम को इंटरनेट प्रोटोकॉल 6 के नाम से जाना गया. IPv6 तकनीक को वर्ष 2000 तक विभिन्न Testing प्रक्रिया के दौर से गुजारा गया. जब कमर्शियल उत्पादन की शुरुआत हुई.

वर्तमान समय में IPv4 तथा IPv6 दोनों का आधुनिक डिवाइस में उपयोग किया जाता है. दोनों IP Versions में तकनीकी बदलाव के कारण IP Address Formation में विभिन्नता देखी जा सकती है.

IPv4 तथा IPv6 के बीच IPv5 1979 के Experiment Internet Protocol Stream पर आधारित था. हालांकि IPv5 को कभी भी लॉन्च नही किया गया.

IP Address को कार्यों के आधार पर विभिन्न Classes में बांटा गया है.

Class A  

इस IP Address की Range -1.0.0 1 से लेकर 120.134.254.255 होती है.यह एक विशाल नेटवर्क होता है जो अनेक डिवाइस से युक्त रहता है.

Class B

इस IP Address की Range – 128.1.0.1 से लेकर 191.255.255.254 तक होती है. तथा यह मध्यम साइज के नेटवर्क को सपोर्ट करता है

Class C

इस IP Address की Range – 193.0.1.1 से लेकर 223.255.254.254 तक होती है. तथा यह छोटा नेटवर्क होता है जिसमें 256 से कम डिवाइस होते हैं.
Class D
इस IP Address की Range – 229.0.0.0 से लेकर 239.255.255.255 के मध्य होती है. जो Multicast ग्रुप के लिए आरक्षित होता है.
Class E
इस IP Address की Range – 240.0.0.1 से लेकर 254.255.255.254 तक होती है. यह भविष्य में उपयोग की जाने वाली तकनीक है जिस पर Research तथा Development कार्य किया जा रहा है.

अपने कम्प्युटर या मोबाईल फोन का IP एड्रेस कैसे पता करें?

हमने अब तक IP Address को समझा है. और जाना है कि IP Address क्यों महत्वपूर्ण होता है.  
अब सवाल आता है कि हम अपने कम्प्युटर, लैपटॉप, स्मार्टफोन का आईपी ऐड्रेस किस प्रकार पता कर सकते हैं?
हम आपको IP Address पता करने के दो आसान तरीके बता रहे है.
  1. इंटरनेट सर्च द्वारा
  2. Command Prompt द्वारा

इंटरनेट सर्च द्वारा आई पी एड्रेस का पता कैसे लगाते है?

Step: #1
सबसे पहले आप जिस डिवाईस का IP Address जानना चाहते है. उस डिवाईस में किसी भी एक वेब ब्राउजर को खोल लीजिए. हम यहाँ अपने कम्प्युटर का आई पी एड्रेस पता कर रहे है.  
Step: #2
अब ब्राउजर के सर्च बॉक्स में what is my ip लिखिए और एंटर दबा दीजिए. ऐसा करते ही आपके डिवाईस का आई पी एड्रेस आ जाएगा.
यदि आप अपने मोबाईल फोन का आई पी एड्रेस जानना चाहते है तो उसके लिए भी यही प्रोसेस अपना सकते है.

 Windows Command Prompt द्वारा IP Address पता करना

Step: #1
सबसे पहले Windows Start Button पर क्लिक कीजिए और सर्च बॉक्स में cmd टाईप कीजिए.
Step: #2
ऐसा करते ही Command Prompt आपके सामने आ जाएगा. अब cmd Icon पर माउस एरो ले जाए और इसके ऊपर Right-Click कीजिए और Run as Administrator को सेलेक्ट कीजिए.
Step: #3
अब आपके सामने Windows Command Prompt Open हो जाएगा. अब आप इसमें की-बोर्ड की सहायता से ipconfig टाईप कीजिए. यहाँ एक बात का ध्यान रखे कि जैसा हमने लिखा है. आप भी हूँ-ब-हूँ लिखे. नही तो परिणाम बदल सकता है.
Step: #4
Ipconfig टाईप करने के बाद Enter दबा दीजिए. आपके सामने Windows PC का IP Address आ जाएगा. जो IPv4 के सामने दिखाई देगा.  
 इस तरह आप किसी भी डिवाईस का IP Address पता कर सकते है. और जान सकते है कि मेरे कम्प्युटर या लैप्टॉप का IP Address क्या है? और इसे किस नाम से पहचाना जाता है.

आपने क्या सीखा?

इस Tutorial में हमने आपको Internet Protocol Address की पूरी जानकारी दी है. आपने जाना कि आई पी एड्रेस क्या होता है? IP Address के विभिन्न प्रकार और अपने डिवाईस का आई पी एड्रेस कैसे पता करें? इन सभी सवालों के जवाब सीखे है.
हमे उम्मीद है कि यह Tutorial आपके लिए उपयोगी साबित होगा. इस Tutorial को शेयर करके आप IP Address के बारे में अपने दोस्तों को भी बता सकते है.
🙏🙏Please Comments🙏🙏




No comments:

Post a Comment